आपदा फेयेर बौडी ग्ये।।


बिजली, पांणी बंद हुंयूँ च।
मंत्री भैजी निरदुंद सेंयूँ च।।
गदरा सब गंगनाळ बंडी ग्या।
बट्टा घट्टा सब्बि टूटी ग्या।।

कुहेड़ी डंडियों मां लौंकि ग्ये।
पहाड़ों में चौमास सोरी ग्ये।।
धार की धार रेडी ग्ये।
आपदा फेयेर बौडी ग्ये।।

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